गुजरात – ग्रामीण क्षेत्रों में हारने के बाद BJP ने किसानों से लिया बदला, मूंगफली के दामों में भारी कटौती !

0
2

अहमदाबाद, गुजरात में हुए विधानसभा चुनाव में जैसे तैसे भाजपा ने अपनी सरकार बचा ली मगर ग्रामीण क्षेत्रों में उसे भारी हार का सामना करना पड़ा है। जिसके चलते अब किसानों को इसकी कीमत भी चुकानी पड़ रही है। चुनाव से पहले किसानों को रिझाने के लिए रुपाणी सरकार ने मूंगफली की न्यूनतम कीमत 900 से 1200 रूपये प्रति क्विंटल तय की थी जो चुनाव जीतने के बाद इसे घटा कर 400 रूपये प्रति क्विंटल कर दी गयी है जिससे किसानों को भारी नुक्सान का उठाना पड़ रहा है।

जानकारी की मुताबिक गुजरात के जामनगर इलाके में मूंगफली के दाम अब तक के सबसे निचले स्तर पर 400 रुपये प्रति क्विंटल तक आ गए हैं, जिससे आक्रोशित किसानों को विरोध प्रदर्शन के लिए मजबूर होना पड़ा है।

असल में चुनाव की घोषणा से पहले विजय रूपाणी सरकार ने मूंगफली की न्यूनतम कीमत 900 से 1200 रुपये प्रति क्विंटल तय की थी, लेकिन चुनाव के नतीजों के बाद इसकी कीमत 400 से 700 रुपये प्रति क्विंटल तक आ गए हैं। इस पर किसानों ने कड़ा विरोध जताया है।

जामनगर का जामखंभालिया मार्केट यार्ड किसानों की पूरे साल की कमाई माने जाने वाली मूंगफलियों से भरा पड़ा है। किसानों ने जिस मूंगफली को उपजाने के लिए कम से कम छह महीने लगा दिए, उसे आज खरीदने वाला कोई नहीं है। किसान इससे काफी दुखी हैं। किसानों को लागत भी नहीं मिल पा रही। हालत यह है कि किसान अगर ट्रक से भरकर मूंगफली ला रहे हैं, तो उनका ट्रक का भी खर्च निकलने वाला नहीं है। दाम इतने कम हो जाने की जब मार्केट यार्ड में घोषणा की गई तो किसानों ने प्रदर्शन कर इस पर विरोध जताया।

अब इसे लेकर पाटीदार नेता हार्दिक पटेल ने इसे लेकर ट्वीट किया, उन्होंने कहा कि “चुनाव ख़त्म होते ही मूँगफली के दाम कम कर दिए गए,किसान काफ़ी दुखी है लेकिन उनकी सुनने वाला भाजपा सरकार में कोई नहीं हैं। APMC मार्केट में किसानों की मूंगफली कोई ख़रीद नहीं रहा,किसान ट्रान्स्पॉर्टिंग के ख़र्चे से काफ़ी दुखी है।किसानों के लिए बना किसानसंघ देखने को नहीं मिल रहा”

Loading...