शिक्षामित्रों पर योगी सरकार ने कराया लाठी चार्ज, वाटर कैनन से भिगोया, कई महिला शिक्षामित्र हुई घायल !

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गोरखपुर, सुप्रीम कोर्ट द्वारा शिक्षा मित्रों का सहायक शिक्षक के रूप में समायोजन रद्द करने से पूरे प्रदेश भर में लाखों शिक्षक न्याय की मांग करते हुए सड़कों पर उतर आए। गोरखपुर में हजारों शिक्षक बुधवार से सुप्रीम कोर्ट और सरकार से न्याय की मांग करते हुए सड़कों पर उतर आए।

शिक्षकों की मांग थी कि जब तक सीएम योगी आदित्यनाथ उनसे नहीं मिलते और न्याय नहीं दिलाते तब तक वो गोरखनाथ मंदिर के सामने प्रदर्शन करते रहेंगे। जिसके लिए हजारों की संख्या में शिक्षामित्र मंदिर के बाहर एकत्रित होकर प्रदर्शन कर रहे थे।

गोरखपुर मंदिर के सामने प्रदर्शन करना योगी सरकार को कतई बर्दास्त नहीं हुआ और उनपर करीब 15 मिनट तक वाटर कैनन से मूसलाधार पानी की बौछार कर दी। जिसके बाद योगी की पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे शिक्षामित्रों पर जमकर लाठी भांजी जिससे कई शिक्षामित्र लहूलुहान हो गए। जिसमें महिलाएं और पुरुष दोनों शामिल हैं।

वाटर कैनन से 15 मिनट तक पानी की बौछार और 5 मिनट तक लाठी चार्ज का समाना करने के बाद प्रदर्शनकारी शिक्षा मित्रों की हिम्मत टूट गई। गोरखनाथ मंदिर की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारी को जानवरों की तरह पीटे जाने से वो पीछे लौटने पर मजबूर हो गए। प्रदर्शनकारी महिलाएं और पुरुष वापस गोलघर कालीमंदिर के पास तकरीबन हजार की संख्या में बैठे हैं। इस कारण सड़क पर आवाजाही बाधित है। यहां भी भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद है।

धर्मशाला पुल के नीचे शिक्षा मित्रों को रोकने के लिए आईजी मोहित कुमार की अगुवाई में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने शिक्षा मित्र पर वाटर कैनन की बौछार कराई। इस दौरान कई महिला शिक्षा मित्र चोटिल भी हो गई। हालांकि शिक्षा मित्र पानी की बौछार के बीच भी जमे हुए थे। हालांकि उनमें घबराहट साफ झलक रही थी।

गोरखनाथ मंदिर की ओर कूच कर रही महिला शिक्षा मित्रों ने वाटर कैनन के इस्तेमाल के बाद स्वयं को दीवार की तरह खड़ा कर लिया है। पुरुष शिक्षा मित्र पीछे हो गए हैं। महिला शिक्षा मित्र आगे खड़ी हैं। हालांकि वाटर कैनन के इस्तेमाल ने महिला शिक्षा मित्रों की हालत खराब कर दी है। प्रदर्शन में शामिल महिला शिक्षा मित्रों के अभिभावक उनकी स्थिति देख परेशान हैं।

बल प्रयोग के दौरान प्रदर्शन कर रही शिक्षा मित्र महिला और पुरुषों को पुलिस ने हिरासत में लिया। उन्हें पुलिस की गाड़ियो में डाल कर अन्यत्र ले जाया गया। प्रदर्शन में शामिल कई महिलाओं ने पुरुष पुलिस कर्मियों पर दुर्व्यवहार करने का भी आरोप लगाया। उनका कहना था कि महिला पुलिस के बजाए पुरुष पुलिसकर्मी उन्हें जबरन हाथ लगा रहे थे।

गोरखपुर के नगर निगम कार्यालय परिसर स्थित रानी लक्ष्मी बाई पार्क में सैकड़ों की संख्या में एकत्र शिक्षा मित्रों को गोरखनाथ मंदिर कूच करने से पुलिस रोक रही है। यदि यहां से निकल प्रदर्शनकारी धर्मशाला पुल के पास पहुंचे तो पुलिस को उन्हें संभालाना मुश्किल हो जाएगा। इसलिए पार्क का द्वार बंद कर पुलिस इन्हें किसी भी हालत में यही रोकने की कोशिश कर रही है।

शिक्षा मित्रों की भीड़ हिंसक होने लगी है। रोडवेज और भाजपा का झंड़ा लगी गाड़ियों को उन्होंने निशाना बनाया है। हालांकि प्रदर्शन में शामिल कुछ लोग ऐसा करने से रोक भी रहे हैं। आरटीओ दरफ्तर के पास भाजपा का झंड़ा लगी एक गाड़ी का शीशा तोड़ दिया बल्कि विरोध करने पर गाड़ी में सवार लोगों से भी मारपीट की गई।
व्यापारियों ने बंद की दुकानें

धर्मशाला बाजार में व्यापारियों के प्रदर्शन देखते हुए अपनी दुकानें बंद कर ली हैं। भारी मात्रा में महिला और पुरुष पुलिस कर्मियों के साथ बड़ी संख्या में वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी भी पहुंच गए हैं। जिलाधिकारी राजीव रौतेला भी मौके पर हैं।

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