लव लेटर का दौर अब रुक जाना चाहिए कहने वाले मोदी पाक के प्रति इतने नरम क्यों पड़ गए : नीतीश

लव लेटर का दौर अब रुक जाना चाहिए कहने वाले मोदी पाक के प्रति इतने नरम क्यों पड़ गए : नीतीश

सार्क सम्मेलन के घटनाक्रम को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि प्रधानमंत्री पता नहीं अब इतने नरम क्यों पड़ गए हैं। पहले क्या-क्या बोलते रहते थे। लगता है वे पहले कही गई अपनी बातों को भूल गए हैं।

बृहस्पतिवार को पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि वैसे तो केंद्र में जो भी सरकार हो, हम विदेश नीति पर उसका साथ देते हैं। लेकिन लोकसभा चुनाव के समय कैसी-कैसी बातें की जाती थी।

मोदी जी ने तत्कालीन सरकार पर यहां तक कह दिया कि लव लेटर का दौर अब रुक जाना चाहिए। लेकिन लोगों को बताना चाहिए कि सरकार में आ जाने के बाद क्या हो गया है।

उत्तर प्रदेश के अपने प्रस्तावित दौरे पर उन्होंने कहा कि हम तो उत्तर प्रदेश में अपनी पार्टी के कार्यक्रम में जाते हैं।

अभी वहां मंडलीय सम्मेलनों का दौर चल रहा है। जहां से भी बुलावा आता है, हम वहां जाते हैं। वहां हम जनहित के मुद्दे, शराबबंदी और अपने काम की चर्चा करते हैं।

उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को हिम्मत करके अपने प्रदेश में शराबबंदी लागू करना चाहिए। नीतीश ने जीएसटी कानून पर केंद्र को समर्थन का भरोसा देते हुए कहा कि केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली से उनकी फोन पर बात हुई है। राज्यसभा में बिल के पास हो जाने पर बधाई के साथ साथ बिहार के समर्थन का वादा भी उनसे किया है।

विधान मंडल के मानसून सत्र के आखिरी दिन मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकसभा में जब भी बिल पास होने के बाद राज्यों में भेजा जाएगा, हम इसका पूरा समर्थन करेंगे।

अभी केंद्र को इस पर बहुत काम करना है। हमारी कोशिश है कि जीएसटी कानून 1 अप्रैल 2017 से हर हाल में लागू हो जाए। जरूरत पड़ी तो विधानसभा का विशेष सत्र बुला कर इसे पास कराया जाएगा। इससे बिहार को फायदा होगा।